अभ्युदय मध्य प्रदेश ग्रोथ समिट: 25 दिसंबर को ग्वालियर में विकास का महाकुंभ
डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में निवेशकों का जमावड़ा, उद्योग-रोजगार को नई गति; ग्वालियर-चंबल क्षेत्र के विकास पर विशेष फोकस
मध्य प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी पहल ‘अभ्युदय मध्य प्रदेश ग्रोथ समिट’ 25 दिसंबर 2025 को ग्वालियर में आयोजित होने जा रही है। यह समिट राज्य के आर्थिक विकास को नई ऊंचाइयों पर ले जाने का महाकुंभ साबित होगी, जहां देश-विदेश के प्रमुख उद्योगपति, निवेशक और नीति-निर्माता एक मंच पर जुटेंगे। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में यह आयोजन ग्वालियर-चंबल क्षेत्र को निवेश का प्रमुख केंद्र बनाने पर केंद्रित होगा। समिट का थीम ‘विकास का महाकुंभ’ राज्य की औद्योगिक नीतियों, इंफ्रास्ट्रक्चर और रोजगार सृजन की संभावनाओं को हाइलाइट करेगा। फरवरी 2026 की प्रस्तावित ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट की तैयारी के रूप में यह क्षेत्रीय समिट महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
समिट का उद्देश्य: क्षेत्रीय विकास को गति
अभ्युदय मध्य प्रदेश ग्रोथ समिट’ ग्वालियर में मिंटो हॉल या किसी प्रमुख वेन्यू में आयोजित होगी, जहां निवेशकों को राज्य की औद्योगिक नीतियों, प्लग-एंड-प्ले इंफ्रास्ट्रक्चर और सेक्टर-विशिष्ट अवसरों की जानकारी दी जाएगी। मुख्य फोकस ग्वालियर-चंबल क्षेत्र पर होगा, जो कृषि, पर्यटन, डिफेंस कॉरिडोर और लॉजिस्टिक्स में अपार संभावनाएं रखता है।
समिट में वन-टू-वन मीटिंग्स, सेक्टरल सेशंस और B2G (बिजनेस टू गवर्नमेंट) इंटरैक्शन होंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा, “यह समिट मध्य प्रदेश को निवेश का पसंदीदा गंतव्य बनाने की दिशा में एक और कदम है। हम उद्योगपतियों का पलक-पांवड़े बिछाकर स्वागत करने को तैयार हैं।” समिट से हजारों करोड़ के निवेश प्रस्ताव और रोजगार सृजन की उम्मीद है।
प्रमुख सेक्टर: निवेश के अवसर
समिट में निम्नलिखित सेक्टरों पर विशेष जोर रहेगा:
- डिफेंस और एयरोस्पेस: ग्वालियर के निकट डिफेंस कॉरिडोर का विस्तार।
- पर्यटन और हॉस्पिटैलिटी: ग्वालियर किला, ओरछा और चंबल सफारी जैसे आकर्षण।
- कृषि और फूड प्रोसेसिंग: चंबल क्षेत्र की उपजाऊ भूमि का उपयोग।
- लॉजिस्टिक्स और इंफ्रास्ट्रक्चर: दिल्ली-मुंबई कॉरिडोर से कनेक्टिविटी।
- आईटी और स्टार्टअप: स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट्स में अवसर।
समिट में राज्य की नई औद्योगिक नीति, सब्सिडी और सिंगल विंडो क्लीयरेंस की जानकारी दी जाएगी।
अपेक्षित प्रभाव: रोजगार और विकास को बूस्ट
यह समिट ग्वालियर-चंबल क्षेत्र को आर्थिक हब बनाने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगी। पिछले क्षेत्रीय समिट्स (जैसे हैदराबाद रोड शो) से हजारों करोड़ के निवेश प्रस्ताव आए थे। इस समिट से भी MoU साइनिंग और निवेश की घोषणाएं होने की उम्मीद है। राज्य सरकार का लक्ष्य 2028 तक GDP को दोगुना करना है, जिसमें ऐसे आयोजन महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
निष्कर्ष
अभ्युदय मध्य प्रदेश ग्रोथ समिट’ 25 दिसंबर को ग्वालियर में विकास का महाकुंभ बनेगी। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अगुवाई में यह आयोजन निवेशकों को आकर्षित कर राज्य को नई ऊंचाइयों पर ले जाएगा। ग्वालियर-चंबल क्षेत्र के लिए यह अवसर रोजगार और समृद्धि का द्वार खोलेगा। समिट की सफलता मध्य प्रदेश को निवेश का प्रमुख केंद्र बनाने में योगदान देगी।