क्रिप्टो मार्केट में भारी गिरावट: वैल्यू ₹100 लाख करोड़ घटी, 30% कम होकर ₹261 लाख करोड़; बिटकॉइन ₹1.10 करोड़ से गिरा ₹76 लाख
जोखिम-ऑफ सेंटिमेंट और $1 ट्रिलियन वाइपआउट से बाजार में हाहाकार, बिटकॉइन 6 महीने के निचले स्तर पर; निवेशकों को सतर्क रहने की सलाह
क्रिप्टोकरेंसी मार्केट में अचानक आई भारी गिरावट ने निवेशकों को झकझोर दिया है। कोइनमार्केटकैप के अनुसार, पिछले एक महीने में कुल मार्केट वैल्यू ₹100 लाख करोड़ घटकर ₹261 लाख करोड़ (लगभग $3.1 ट्रिलियन) रह गई, जो 30% की कमी दर्शाती है। बिटकॉइन, जो अक्टूबर 2025 में ₹1.10 करोड़ ($125,000) के रिकॉर्ड हाई पर था, अब ₹76 लाख ($90,000 के आसपास) तक गिर गया है। यह गिरावट 21 नवंबर 2025 को तेज हुई, जब 24 घंटों में $0.19 ट्रिलियन (₹17 लाख करोड़) का नुकसान हुआ। वैश्विक जोखिम-ऑफ सेंटिमेंट, अमेरिकी फेड की नीतियों और संस्थागत बिकवाली से क्रिप्टो बाजार स्टॉक मार्केट्स के साथ गिरा।
मार्केट क्रैश का विवरण: बिटकॉइन लीडर, अन्य कोएन्स फॉलो
बिटकॉइन ने पिछले 30 दिनों में 30% की गिरावट दर्ज की, जो जून 2025 के बाद का निचला स्तर है। 7 अक्टूबर के $126,000 ($1.10 करोड़) पीक से गिरकर अब $90,000-$93,000 ($76 लाख-$79 लाख) के दायरे में ट्रेड कर रहा है। ईथर $3,175 पर फ्लैट है, लेकिन 9% नीचे आ चुका है। कुल मार्केट कैप $3.14 ट्रिलियन से $2.95 ट्रिलियन ($3.46T से $3.1T) पर सिमट गया, जो $1 ट्रिलियन (₹84 लाख करोड़) का वाइपआउट है।
भारत में बिटकॉइन ₹91,25,297 पर -1.86% नीचे ट्रेड कर रहा है, जबकि डॉजकॉइन ₹15.50 पर -0.77%। 24 घंटों में 6% की गिरावट से ₹17 लाख करोड़ का नुकसान हुआ। बिटकॉइन ETF इनफ्लो $577.7 मिलियन आउटफ्लो के साथ नकारात्मक रहा।
गिरावट के कारण: वैश्विक दबाव और इंस्टीट्यूशनल सेल-ऑफ
इस क्रैश के पीछे कई कारक हैं। अमेरिकी फेड की ब्याज दरों पर अनिश्चितता और डॉलर की मजबूती ने क्रिप्टो को दबाया। AI ट्रेड वरी से जुड़े रिस्क-ऑफ सेंटिमेंट ने स्टॉक्स के साथ क्रिप्टो को भी गिराया। हाई लिवरेज और प्रॉफिट बुकिंग ने दबाव बढ़ाया। बिटकॉइन $89,000-$94,000 जोन में लिक्विडिटी हिट कर रहा है, जहां $72,000-$74,000 तक गिरावट का खतरा है।
मेटाप्लैनेट जैसे फर्म्स ने $100 मिलियन बिटकॉइन-बैक्ड बोरिंग की, लेकिन ओवरऑल आउटफ्लो प्रमुख रहा।
| एसेट | 1 महीने पहले (₹) | अब (₹) | गिरावट (%) |
|---|---|---|---|
| बिटकॉइन (प्रति BTC) | ₹1,10,00,000 | ₹76,00,000 | 30 |
| कुल मार्केट कैप | ₹3,61 लाख करोड़ | ₹2,61 लाख करोड़ | 30 |
| ईथर (प्रति ETH) | ₹2,80,000 | ₹2,65,000 | 5.4 |
आंकड़े: कोइनमार्केटकैप और ET से।
निवेशकों पर प्रभाव: क्या करें?
यह क्रैश 2025 के ‘बिटकॉइन क्रैश’ का हिस्सा लग रहा है, जहां ETF इन्वेस्टर्स अंडरवॉटर हो गए। विशेषज्ञ कहते हैं कि लॉन्ग-टर्म मॉडल्स $175,000 तक की भविष्यवाणी करते हैं, लेकिन शॉर्ट-टर्म में $78,000-$84,000 का सपोर्ट लेवल। सलाह: HODL करें, लेकिन डायवर्सिफाई करें। इंस्टीट्यूशनल डिमांड और फेड लिक्विडिटी से रिबाउंड संभव।
निष्कर्ष
क्रिप्टो मार्केट का 30% क्रैश निवेशकों के लिए चेतावनी है, लेकिन फंडामेंटल्स मजबूत हैं। बिटकॉइन $90,000 से नीचे गिरा, लेकिन इंस्टीट्यूशनल इनफ्लो और मैक्रो फैक्टर्स से रिकवरी हो सकती है। सतर्क रहें, लॉन्ग-टर्म पर फोकस करें।