दुबई यात्रा का दूसरा दिन: सीएम मोहन यादव ने बताया—मध्य प्रदेश सभी सेक्टरों में निवेशकों के लिए खुला
भोपाल, 14 जुलाई 2025 — मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की दुबई यात्रा का दूसरा दिन निवेश और साझेदारी की दिशा में निर्णायक सिद्ध हुआ। ताज होटल में आयोजित “इन्वेस्ट मध्यप्रदेश बिजनेस फोरम” में उन्होंने व्यापार, औद्योगिक संभावनाओं और राज्य की निवेश-अनुकूल नीतियों को विस्तार से प्रस्तुत किया। इस मंच पर उद्योगपतियों से सीधे संवाद कर उन्होंने कहा, “मध्यप्रदेश सभी सेक्टर के निवेशकों का स्वागत करता है। हमारे दरवाजे सबके लिए खुले हैं।”
दुबई में दिखा मध्यप्रदेश का विज़न
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकारें मिलकर गरीब, किसान और उद्यमियों के जीवन को बेहतर बनाने के लिए कार्यरत हैं। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की नीतियों ने भारत और विशेषकर मध्यप्रदेश में विदेशी निवेश के लिए अनुकूल माहौल तैयार किया है।
उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश कृषि, पर्यटन, टेक्सटाइल, फार्मा, ग्रीन एनर्जी और आईटी जैसे विविध क्षेत्रों में निवेश के लिए तैयार है। इस दौरान दुबई में उद्योग समूहों के साथ दो महत्वपूर्ण समझौते (MoUs) पर भी हस्ताक्षर किए गए, जिनमें टेक्सटाइल सेक्टर प्रमुख रहा।

दुबई में भारत-यूएई साझेदारी हुई और मजबूत
इस कार्यक्रम में यूएई में भारत के काउंसल जनरल श्री सतीश कुमार सिवन ने भी संबोधित किया। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत-यूएई साझेदारी ने पिछले तीन वर्षों में 100 बिलियन डॉलर का द्विपक्षीय व्यापार पार किया है। अब यूपीआई पेमेंट सुविधा जैसे इनोवेशन भारतीय समुदाय को और अधिक सुविधा प्रदान कर रहे हैं।
उद्योग नीति और निवेश प्रोत्साहन का नया युग
प्रमुख सचिव श्री राघवेंद्र सिंह ने बताया कि मध्यप्रदेश में अब तक 7 रीजनल इन्वेस्टमेंट कॉन्क्लेव और 9 प्रमुख शहरों में रोड शो आयोजित किए जा चुके हैं। इन प्रयासों का परिणाम रहा कि ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट 2023 में 30.77 लाख करोड़ का निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुआ।
उन्होंने कहा, “यह सही समय है, मध्यप्रदेश में निवेश करने का। यहां स्थिर शासन, कुशल नेतृत्व और पारदर्शी प्रक्रियाएं हैं।”
पर्यटन, संस्कृति और विरासत—MP की ताकत
प्रमुख सचिव पर्यटन श्री शिवशेखर शुक्ला ने बताया कि मध्यप्रदेश देश का टाइगर और चीता स्टेट है, जहाँ 12 नेशनल पार्क, नर्मदा जैसी जीवनदायिनी नदियाँ, और सांस्कृतिक विरासत मौजूद हैं। उज्जैन में महाकाल लोक और भोपाल की ताजुल मस्जिद जैसी धरोहरें भी पर्यटन की दृष्टि से महत्वपूर्ण हैं। आगामी सिंहस्थ कुंभ (2028) भी एक वैश्विक आकर्षण बनेगा।
ग्रीन एनर्जी और टेक्नोलॉजी हब बन रहा है MP
अपर मुख्य सचिव विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी श्री संजय दुबे ने बताया कि मध्यप्रदेश भारत का अग्रणी आईटी और डिजिटल भुगतान राज्य है। यहां रोज़ाना 700 मिलियन UPI ट्रांजैक्शन होते हैं। साथ ही राज्य में 15 से अधिक आईटी पार्क, सॉफ्टवेयर टेक्नोलॉजी यूनिट्स, और ग्लोबल स्किल पार्क जैसी संस्थाएं युवाओं को तकनीकी रूप से सशक्त बना रही हैं।
उद्योगपति भी हुए प्रभावित
दुबई के प्रतिष्ठित निवेशक और रीगल ग्रुप के चेयरमैन श्री वासु श्राफ ने मुख्यमंत्री की पहल की सराहना करते हुए कहा, “मध्यप्रदेश एकमात्र ऐसा राज्य है जो उद्योगों के लिए सच्चे अर्थों में समर्थन प्रदान करता है। मैं हर साल उज्जैन महाकाल के दर्शन के लिए आता हूं और दूसरों को भी आने का आमंत्रण देता हूं।”
निष्कर्ष:
दुबई में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का यह दौरा न केवल व्यापारिक साझेदारी को नई ऊंचाइयों तक ले गया, बल्कि भारत-यूएई संबंधों को भी और अधिक मजबूत करने में सफल रहा। यह यात्रा आने वाले वर्षों में मध्यप्रदेश को विदेशी निवेश का हब बनाने की दिशा में निर्णायक भूमिका निभाएगी।