इस हफ्ते शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव संभव: US-ईरान तनाव और FII बिकवाली से दबाव, ये फैक्टर्स तय करेंगे बाजार की दिशा
एयरटेल और ऑटो. शेयरों पर नजर, सेंसेक्स 83,500 और निफ्टी 25,700 के आसपास; FII ने जनवरी में ₹22,500 करोड़ निकाले, DII ने संभाला बाजार
इस हफ्ते (13-17 जनवरी 2026) शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव रहने की पूरी संभावना है। वैश्विक स्तर पर अमेरिका-ईरान तनाव बढ़ने और घरेलू स्तर पर FII की लगातार बिकवाली से बाजार पर दबाव बना हुआ है। सेंसेक्स पिछले हफ्ते 83,500 के आसपास बंद हुआ था और निफ्टी 25,700 के करीब ट्रेड कर रहा है। हालांकि, घरेलू संस्थागत निवेशकों (DII) की मजबूत खरीदारी ने अब तक बड़े क्रैश को रोका है। इस हफ्ते कई बड़े फैक्टर्स बाजार की दिशा तय करेंगे, जिनमें US-ईरान तनाव, FII फ्लो, Q3 रिजल्ट्स और वैश्विक कच्चे तेल के दाम शामिल हैं।
प्रमुख फैक्टर्स जो इस हफ्ते बाजार को प्रभावित करेंगे
- US-ईरान तनाव का बढ़ना अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप की ओर से ईरान पर नए प्रतिबंधों की घोषणा और ईरान की जवाबी कार्रवाई की धमकी से कच्चे तेल के दाम में उछाल आ सकता है। ब्रेंट क्रूड पिछले हफ्ते $72-74 के दायरे में था, लेकिन तनाव बढ़ने पर $80 के पार जाने का खतरा है। इससे भारत जैसे आयातक देशों में महंगाई का दबाव बढ़ेगा और बैंकिंग-ऑटो शेयरों पर असर पड़ सकता है।
- FII की लगातार बिकवाली जनवरी के पहले 15 दिनों में FII ने ₹22,530 करोड़ की नेट बिकवाली की है। हाई वैल्यूएशन (निफ्टी P/E 24.5), कमजोर रुपया (91.01) और ट्रेड डील में देरी से FII सतर्क हैं। अगर यह ट्रेंड जारी रहा तो बाजार में और दबाव बढ़ेगा।
- DII का सपोर्ट घरेलू संस्थागत निवेशकों ने जनवरी में अब तक ₹18,200 करोड़ की खरीदारी की है। म्यूचुअल फंड्स और इंश्योरेंस कंपनियां बाजार को संभाल रही हैं। अगर DII खरीदारी जारी रखती है तो गिरावट सीमित रहेगी।
- Q3 रिजल्ट्स का सीजन इस हफ्ते कई बड़ी कंपनियों के तिमाही नतीजे आने हैं, जैसे:
- टाटा मोटर्स, महिंद्रा (ऑटो)
- रिलायंस इंडस्ट्रीज, जियो फाइनेंशियल (कॉन्ग्लोमेरेट) अच्छे नतीजे बाजार को सपोर्ट देंगे, जबकि निराशाजनक नतीजे दबाव बढ़ा सकते हैं।
- रुपया और कच्चा तेल रुपया 91.01 के रिकॉर्ड लो पर है। अगर यह 91.50 के पार जाता है तो इंपोर्ट-आधारित कंपनियों (तेल, फार्मा) पर दबाव बढ़ेगा। कच्चे तेल में उछाल से OMC (IOC, BPCL) और रिफाइनरी शेयरों में उतार-चढ़ाव रहेगा।
संभावित ट्रेंड और स्तर
- सपोर्ट लेवल: सेंसेक्स 82,700-83,100 | निफ्टी 25,500-25,600
- रेजिस्टेंस लेवल: सेंसेक्स 85,200-85,700 | निफ्टी 26,000-26,100
- संभावित रेंज: सेंसेक्स 83,150-85,600 | निफ्टी 25,300-26,200
अगर US-ईरान तनाव बढ़ता है और FII बिकवाली जारी रहती है तो 82,500 तक गिरावट संभव है। वहीं, अच्छे Q3 नतीजे और DII खरीदारी से 86,000 के पार जाने की उम्मीद है।
विशेषज्ञों की राय
- कोटक सिक्योरिटीज: शॉर्ट-टर्म में FII आउटफ्लो और जियो-पॉलिटिकल रिस्क से दबाव रहेगा, लेकिन DII सपोर्ट से गिरावट सीमित रहेगी।
- मोतीलाल ओसवाल: ट्रेड डील में प्रगति और अच्छे कॉर्पोरेट नतीजे से रिवर्सल संभव। बैंकिंग और IT में सतर्क रहें।
- जेपी मॉर्गन: भारत अभी भी उभरते बाजारों में आकर्षक है, लेकिन वैल्यूएशन कंट्रोल में आने तक FII सतर्क रहेंगे।
निष्कर्ष
इस हफ्ते बाजार में उतार-चढ़ाव की उम्मीद है। US-ईरान तनाव, FII बिकवाली और Q3 नतीजे बाजार की दिशा तय करेंगे। DII की मजबूत खरीदारी से बड़े क्रैश का खतरा कम है, लेकिन निवेशकों को सतर्क रहना चाहिए। लॉन्ग-टर्म निवेशक मजबूत फंडामेंटल्स वाली कंपनियों पर फोकस करें। शॉर्ट-टर्म ट्रेडर्स सख्त स्टॉप-लॉस के साथ ट्रेड करें। बाजार की नजर ट्रेड डील, कच्चे तेल और FII फ्लो पर रहेगी।